बीकानेर नगर निगम दस्ते ने तोड़ी मंदिर की दिवार,मौके पर उपजा भारी जनाक्रोश
आईरा वार्ता बीकानेर । नगर निगम आयुक्त और पार्षदों की आपसी लड़ाई अब सडक़ पर आ गई है । इसके चलते गुरूवार को छुट्टी का दिन होने के बावजूद नगर निगम आयुक्त गोपालराम बिरधा अतिक्रमणरोधी दस्ता लेकर किर्ती स्तम्भ क्षेत्र पहुंच गये और मौके पर कहीं अतिक्रमण नजर नहीं आया तो एक मंदिर की दिवार पर बुलडोजर चलाना शुरू कर दिया। इसकी सूचना मिलने के बाद स्थानीय पार्षद महेन्द्र सिंह बडग़ुजर अपने साथी कांग्रेस पार्षदों और लोगों की भीड़ लेकर मौके पर पहुंच गया । पार्षदों और लोगों ने नगर निगम दस्ते की इस कार्यवाही को लेकर विरोध प्रदर्शन करते हुए नगर निगम आयुक्त गोपालराम बिरध का घेराव करने का प्रयास किया लेकिन वह मौके की नजाकत को भांप कर अपनी सरकारी गाड़ी में बैठकर मौके से निकल गये। इस बाद भारी जन विरोध का आलम देखकर नगर निगम का अतिक्रमण निरोधक दस्ता भी उल्टे पांव लौट गया। करीब एक घंटे चले इस घटनाक्रम के दौरान मंदिर का पुजारी बाबा भी विरोध प्रदर्शन के लिये अतिक्रमण निरोधक दस्ते के सामने खड़ा हो गया। मौके पर उपजे माहौल की सूचना मिलने के बाद सदर थाना पुलिस भी भारी जाब्ते के साथ मौके पर पहुंच गई और विरोध प्रदर्शन कर रहे लोगों को नियंत्रण में किया। विरोध प्रदर्शन करने वालों में शामिल रहे कांग्रेस पार्षदों ने नगर निगम आयुक्त गोपालराम बिरधा पर नादरशाही का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ नारेबाजी की। इस मौके पर स्थानीय पार्षद महेन्द्र सिंह बडग़ुजर ने बताया कि नगर निगम आयुक्त गोपालराम ने मेरे साथ व्यक्तिगत रंजिश पाल ली है और इसके चलते वह गुरूवार की सुबह अतिक्रमण निरोधक दस्ता लेकर मेरे घर के सामने पहुंच गये लेकिन मेरे घर के आस पास कोई अतिक्रमण नहीं मिला तो नजदीक में बने सालों पुरानी मंदिर की दिवारों को ढहा दिया।
फिर उछला मंत्री डॉ.कल्ला का नाम

इस पूरे मामले में कांग्रेस के कई पार्षद विरोध में उतर गए। पूरे मामले की शिकायत अब जयपुर में आला अधिकारियों से करने का निर्णय हुआ है। बाद में पार्षदों की एक मीटिंग सर्किट हाउस में हुई। इसमें कांग्रेस पार्षद और महिला पार्षदों के प्रतिनिधि पहुंचे। सभी ने कांग्रेस पार्षद महेंद्र बडग़ुजर के साथ दुव्र्यवहार और मंदिर की दीवारें तोडऩे का विरोध किया और आयुक्त गोपालराम बिरदा के खिलाफ भी जमकर आरोप लगाए गए। पार्षद महेन्द्र सिंह बडग़ुजर ने इस समूचे मामले को लेकर शिक्षामंत्री डॉ.बीडी कल्ला और उनके भतीजे महेन्द्र कल्ला पर सीधे तौर पर आरोप लगाया कि नगर निगम आयुक्त गोपाल बिरधा यहां डॉ.कल्ला और उनके भतीजे महेन्द्र कल्ला के संरक्षण में ही नादरशाही कर रहे है। इससे पहले नगर निगम महापौर सुशीला कंवर ने पिछले दिनों एक प्रेस कांफ्रेस में आरोप लगाया था कि शिक्षामंत्री डॉ.कल्ला और उनके भतीजे का संरक्षण होने के कारण नगर निगम आयुक्त गोपाल राम बिरधा खुलकर मनमानी चला है। बडगुजर ने कहा कि नगर निगम का रवैया अब बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होने कहा कि इस मामले को लेकर नगर निगम के कांग्रेस पार्षद अब आयुक्त गोपाल बिरधा के खिलाफ जन आंदोलन चलायेगें।
-यूं चला घटनाक्रम,बुलानी पड़ी पुलिस

जानकारी के अनुसार नगर निगम का अतिक्रमण निरोधक दस्ता बुलडोजरों का काफिला लेकर गुरूवार सुबह किर्ती स्तम्भ की तरफ बढ़ गया। इसकी सूचना मिलते ही इलाके में अफरा तफरी सी मच गई और लोगों ने वार्ड पार्षद महेन्द्र सिंह बडग़ुजर को मौके पर बुला लिया। इस दौरान दस्ते ने अपना रूख मौके पर बने एक मंदिर की तरफ कर लिया और मंदिर के पुजारी को मौके से साजों सामान हटाने के लिये आगाह कर दिया। इस दौरान आयुक्त गोपालराम बिरधा भी वहां आ पहुंचे और मंदिर की दिवार पर बुलडोजर चलाने का आदेश दे दिया । मौके पर गरजे बुलडोजर ने मंदिर की दिवार और वहां बनी एक कुटिया को ढहा दिया। इस दौरान जन विरोध शुरू हो गया इसके बावजूद अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने तोडफ़ोड़ की कार्यवाही जारी रखी । मौके पर माहौल बिगडऩे की आंशका को देखते हुए नगर निगम आयुक्त ने होमगार्डों के साथ सदर थाना से भारी पुलिस बल मंगवाया लिया। पुलिस ने मौके पर विरोध प्रदर्शन कर रहे पुजारी और स्थानीय लोगों को तितर बितर करना शुरू कर दिया। पुजारी ने मौके पर बुलडोजर के आगे लेटने का प्रयास किया लेकिन कुछ लोगों ने उसे काबू कर लिया ।

