गाय–गोचर और खेजड़ी संरक्षण को लेकर लिखित आदेश व सख्त कानून की मांग।
गाय–गोचर और खेजड़ी संरक्षण को लेकर लिखित आदेश व सख्त कानून की मांग।
बीकानेर। कवि, कथाकार एवं सामाजिक कार्यकर्ता रंगा राजस्थानी राहुल ने गाय, गोचर भूमि एवं खेजड़ी वृक्षों के संरक्षण को लेकर राज्य सरकार की नीति पर गंभीर प्रश्न उठाए हैं। उन्होंने कहा कि यदि सरकार वास्तव में गाय, गोचर एवं खेजड़ी संरक्षण के मुद्दे पर ईमानदार है, तो केवल मौखिक आश्वासनों के बजाय लिखित आदेश और ठोस कानून लागू किए जाने चाहिए। रंगा राजस्थानी राहुल ने स्पष्ट किया कि गोचर भूमि पर अतिक्रमण एवं अधिग्रहण पर स्पष्ट प्रतिबंध तथा खेजड़ी वृक्षों की कटाई रोकने हेतु कठोर विधिक प्रावधान अनिवार्य हैं। बिना कानूनी संरक्षण के ऐसे संवेदनशील विषयों पर किए गए दावे केवल औपचारिकता बनकर रह जाते हैं।
उन्होंने कहा कि जब तक सरकार इन विषयों पर लिखित अध्यादेश या आदेश जारी नहीं करती, तब तक जनहित में आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने आमजन से अपील की कि वे किसी भी प्रकार के बहकावे में न आएँ, क्योंकि पूर्व में भी इसी तरह के आश्वासन मुख्यमंत्री एवं राजस्थान सरकार द्वारा दिए गए थे, लेकिन उनका कोई ठोस परिणाम आज तक सामने नहीं आया।रंगा राजस्थानी राहुल ने कहा कि गाय, गोचर और खेजड़ी केवल पर्यावरण या आस्था का विषय नहीं, बल्कि राजस्थान की सांस्कृतिक पहचान और ग्रामीण जीवन की रीढ़ हैं। इनके संरक्षण के लिए सरकार को तुरंत प्रभावी कदम उठाने होंगे।रंगा राजस्थानी राहुल कवि, कथाकार, गीतकार एवं संस्कृतिकर्मी

